जमालपुर में तृणमूल कांग्रेस ने हजारों समर्थकों के साथ विशाल बाइक रैली निकालकर अपनी ताकत का प्रदर्शन किया। भूतनाथ मलिक के समर्थन में उमड़ी भीड़ ने चुनावी माहौल को और गरमा दिया।

जमालपुर में तृणमूल कांग्रेस का शक्ति प्रदर्शन, विशाल बाइक रैली से दिया राजनीतिक संदेश
पश्चिम बंगाल के जमालपुर में राजनीतिक माहौल इन दिनों काफी गर्म नजर आ रहा है। देश के गृह मंत्री अमित शाह की हालिया सभा के बाद अब तृणमूल कांग्रेस ने अपनी ताकत का जोरदार प्रदर्शन करते हुए एक विशाल बाइक रैली का आयोजन किया। इस रैली में हजारों कार्यकर्ता और समर्थक शामिल हुए, जिससे इलाके में राजनीतिक हलचल और तेज हो गई है।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, गृह मंत्री की सभा में अपेक्षाकृत कम भीड़ देखी गई थी। बताया जा रहा है कि लगभग साढ़े तीन हजार लोग ही सभा में उपस्थित थे और कई कुर्सियां खाली पड़ी थीं। इतना ही नहीं, सैकड़ों कुर्सियां तो गाड़ियों से उतारी ही नहीं गईं। इस घटना के अगले ही दिन तृणमूल कांग्रेस ने अपने समर्थकों के साथ एक भव्य बाइक रैली निकालकर शक्ति प्रदर्शन किया।
यह बाइक रैली हालारा विपत्तारिणीतला से शुरू होकर आठपाड़ा समवाय स्टोर तक गई और वहां से बांध के रास्ते होते हुए फिर से जमालपुर तक पहुंची। पूरे रास्ते में हजारों बाइक सवार कार्यकर्ता और समर्थक इस रैली का हिस्सा बने। रैली के दौरान पूरे इलाके की सड़कें कार्यकर्ताओं से भर गईं और हर तरफ उत्साह का माहौल देखने को मिला।
रैली के दौरान सड़क के दोनों किनारों पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग खड़े होकर इस जुलूस का समर्थन करते नजर आए। कई दुकानदार अपनी दुकानों से बाहर निकलकर हाथ हिलाते हुए उम्मीदवार भूतनाथ मलिक के प्रति समर्थन जताते दिखे। यह दृश्य इस बात का संकेत देता है कि स्थानीय स्तर पर इस रैली को व्यापक जनसमर्थन मिला।
रैली में शामिल नेताओं ने भी लोगों का अभिवादन किया। गाड़ियों में मौजूद सांसद, ब्लॉक अध्यक्ष और अन्य नेता लगातार हाथ हिलाकर और नमस्कार कर जनता से समर्थन मांगते रहे। कार्यकर्ताओं का उत्साह भी देखने लायक था, जो ढोल-नगाड़ों और संगीत की धुन पर नाचते-गाते आगे बढ़ रहे थे।
सांसद डॉ. शर्मिला सरकार ने इस मौके पर कहा कि जब भी मेहेमुद खान के नेतृत्व में जमालपुर में कोई रैली निकलती है, वह एक महा-रैली का रूप ले लेती है। उन्होंने कहा कि आज भूतनाथ मलिक के समर्थन में जिस तरह से हजारों कार्यकर्ता और समर्थक एकजुट हुए हैं, वह साफ तौर पर दिखाता है कि जमालपुर की जनता उन्हें विधायक के रूप में देखना चाहती है। उन्होंने यह भी उम्मीद जताई कि आगामी चुनाव में पार्टी का प्रदर्शन लोकसभा चुनाव से भी बेहतर होगा।
वहीं, मेहेमुद खान ने अपने बयान में कहा कि कुछ लोग ‘सोनार जमालपुर’ बनाने की बात कर रहे हैं, लेकिन उनके अनुसार राज्य की मुख्यमंत्री पहले ही इस प्रदेश को ‘सोनार बांग्ला’ बना चुकी हैं। उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि जमालपुर में विपक्ष की कोई मजबूत संगठनात्मक स्थिति नहीं है और इस बार भूतनाथ मलिक भारी मतों से जीत हासिल करेंगे।
रैली के केंद्र में रहे उम्मीदवार भूतनाथ मलिक ने भी जनता का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि जमालपुर की जनता हमेशा उनके साथ खड़ी रही है और आगे भी उनका समर्थन जारी रहेगा। उन्होंने विश्वास जताया कि लोग विकास के पक्ष में वोट करेंगे और राज्य के नेतृत्व पर भरोसा बनाए रखेंगे।
इस पूरी घटना ने यह साफ कर दिया है कि जमालपुर में राजनीतिक प्रतिस्पर्धा अब अपने चरम पर पहुंच चुकी है। एक तरफ राष्ट्रीय स्तर के नेताओं की सभाएं हो रही हैं, तो दूसरी ओर स्थानीय स्तर पर पार्टियां अपनी ताकत दिखाने में कोई कसर नहीं छोड़ रही हैं। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि जनता किसे अपना प्रतिनिधि चुनती है।
फिलहाल, तृणमूल कांग्रेस की इस विशाल बाइक रैली ने इलाके में एक मजबूत राजनीतिक संदेश जरूर दे दिया है कि पार्टी जमीनी स्तर पर अपनी पकड़ बनाए हुए है और चुनावी मैदान में पूरी ताकत के साथ उतरने के लिए तैयार है।
